Govt Benefit
Mukhyamantri Sukh-Aashray Yojana

Mukhyamantri Sukh-Aashray Yojana

मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना
🏛️ Government Scheme● Active

मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना हिमाचल प्रदेश सरकार की प्रमुख सामाजिक कल्याण योजना है, जिसके तहत अनाथ, परित्यक्त, समर्पित और देखभाल की आवश्यकता वाले बच्चों तथा अन्य पात्र कमजोर वर्गों को शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, आवास, कौशल विकास और आत्मनिर्भरता के लिए सहायता प्रदान की जाती है।

💰 Benefit
₹4,000 / monthly
🎂 Age
Up to 27 years
💵 Income Limit
≤ ₹1,00,000/year
📅 Launched
28 Feb 2023

📋 Quick Facts

Regions
Himachal Pradesh
Type
🏛️ Government Scheme
Status
Active
Benefit
₹4,000 / Monthly
Age
Up to 27 years
Income
≤ ₹1,00,000/yr
Launched
28 Feb 2023
Apply Via
Offline

📄About This Scheme

मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना हिमाचल प्रदेश सरकार की सामाजिक कल्याण पहल है। इसे सरकार ने 28 फरवरी 2023 को अधिसूचित किया और इसके माध्यम से अनाथ, परित्यक्त, समर्पित तथा देखभाल एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले बच्चों को राज्य की जिम्मेदारी के अंतर्गत सहायता देने का प्रावधान किया गया। योजना का व्यापक उद्देश्य लाभार्थियों को शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, आवास, कौशल विकास और आजीविका सहायता देकर आत्मनिर्भर बनाना है।

योजना से जुड़े लाभों के लिए Mukhya Mantri Sukh Aashray Kosh भी स्थापित किया गया है। वर्तमान सरकारी जानकारी के अनुसार यह कोष उच्च शिक्षा, व्यावसायिक प्रशिक्षण, कौशल विकास, आवास, स्वरोजगार और अन्य पुनर्वास सहायता के लिए उपयोग किया जाता है।

✅Eligibility Criteria

📊 Eligibility at a Glance
Age
Up to 27 years
Income Limit
₹1,00,000 per year
Occupation
Student, Unemployed, Other
Beneficiary
Children, Women, Senior Citizens, Disabled
Family Income
BPL

योजना का प्रमुख लक्ष्य हिमाचल प्रदेश के ऐसे बच्चे और युवा हैं जो अनाथ, परित्यक्त या समर्पित हैं तथा देखभाल और संरक्षण की आवश्यकता रखते हैं। योजना के विभिन्न घटकों में बाल देखभाल संस्थानों से बाहर आने वाले बच्चों, अनाथ व्यक्तियों तथा अन्य पात्र कमजोर लाभार्थियों के लिए अलग-अलग सहायता प्रावधान हैं।

  • हिमाचल प्रदेश से संबंधित पात्र लाभार्थी।
  • अनाथ, परित्यक्त या समर्पित बच्चे और युवा।
  • बाल देखभाल संस्थानों से बाहर आने वाले पात्र बच्चे।
  • विशेष परिस्थितियों में पात्र निराश्रित महिलाओं और अन्य कमजोर वर्गों को योजना के संबंधित घटकों के अंतर्गत सहायता।
  • आवास सहायता के लिए पात्र अनाथ और भूमिहीन लाभार्थियों के लिए अलग मानदंड लागू होते हैं।

किसी विशेष लाभ जैसे उच्च शिक्षा, आवास, विवाह या स्वरोजगार सहायता के लिए संबंधित घटक के निर्धारित दस्तावेज और पात्रता शर्तें लागू होती हैं।

💰Benefits

Type
Other
Amount
₹4,000
Frequency
Monthly
Payment Method
Bank Transfer (DBT)

मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के अंतर्गत सहायता लाभार्थी की स्थिति और योजना के घटक के अनुसार अलग-अलग होती है। प्रमुख लाभों में सामाजिक सुरक्षा, शिक्षा एवं उच्च शिक्षा सहायता, हॉस्टल/आवास संबंधी सहायता, व्यावसायिक प्रशिक्षण एवं कौशल विकास, कोचिंग, आवास निर्माण सहायता, विवाह सहायता और स्वरोजगार सहायता शामिल हैं।

  • 18 से 27 वर्ष तक पात्र अनाथ लाभार्थियों के लिए अध्ययन अवधि में ₹4,000 प्रति माह का स्टाइपेंड उपलब्ध कराया जाता है।
  • उच्च शिक्षा, व्यावसायिक प्रशिक्षण और कौशल विकास के लिए ट्यूशन, हॉस्टल तथा संबंधित खर्चों की सहायता दी जाती है।
  • हॉस्टल उपलब्ध न होने की स्थिति में पात्र लाभार्थियों को अधिकतम ₹3,000 प्रति माह तक किराया/PG सहायता उपलब्ध कराई जा सकती है।
  • कोचिंग के लिए पात्र लाभार्थी को एक वर्ष में ₹1,00,000 तक की वित्तीय सहायता का प्रावधान है।
  • भूमिहीन पात्र अनाथ को 3 बिस्वा तक सरकारी भूमि तथा आवास निर्माण के लिए निर्धारित सहायता का प्रावधान है।
  • अन्य सरकारी आवास योजना के लिए पात्र न होने वाले पात्र अनाथों के लिए आवास निर्माण हेतु ₹3,00,000 तक की सहायता का प्रावधान है।
  • पात्र लाभार्थियों को विवाह के लिए ₹2,00,000 तक की सहायता उपलब्ध है।
  • स्वरोजगार या छोटे व्यवसाय की शुरुआत के लिए ₹2,00,000 की एकमुश्त सहायता का प्रावधान है।
  • पात्र बच्चों के लिए वार्षिक शैक्षणिक/भ्रमण यात्रा की सुविधा भी योजना के अंतर्गत उपलब्ध है।

📋Documents Required

लाभ के घटक के अनुसार दस्तावेज अलग हो सकते हैं। सामान्यतः पात्रता और पहचान की पुष्टि के लिए आधार कार्ड या अन्य पहचान प्रमाण, हिमाचली निवास/बोनाफाइड प्रमाण, जन्म या आयु प्रमाण, बैंक खाते का विवरण, शैक्षणिक संस्थान का प्रवेश या अध्ययन प्रमाण, संबंधित संस्था का प्रमाण तथा योजना के लाभ के अनुसार अन्य आवश्यक दस्तावेज मांगे जा सकते हैं।

आवास सहायता के लिए भूमिहीनता और भूमि आवंटन से संबंधित दस्तावेज तथा उच्च शिक्षा/प्रशिक्षण के लिए प्रवेश पत्र या संस्थान से संबंधित प्रमाण आवश्यक हो सकते हैं। अंतिम दस्तावेज सूची संबंधित जिला अधिकारी से सत्यापित करनी चाहिए।

📝How to Apply

📱 Application Mode
Offline

योजना के विभिन्न लाभों के लिए आवेदन प्रक्रिया लाभ के प्रकार के अनुसार अलग हो सकती है। वर्तमान में महिला एवं बाल विकास विभाग, हिमाचल प्रदेश अपनी वेबसाइट पर योजना से संबंधित पोर्टल उपलब्ध कराता है।

  1. हिमाचल प्रदेश महिला एवं बाल विकास विभाग की आधिकारिक वेबसाइट खोलें।
  2. Mukhya Mantri Sukh Aashray से संबंधित पोर्टल या आवेदन विकल्प चुनें।
  3. उपलब्ध होने पर Him Access के माध्यम से लॉगिन करें और परिवार से संबंधित जानकारी सत्यापित करें।
  4. आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें और आवेदन जमा करें।
  5. संबंधित विभागीय अधिकारी दस्तावेजों और पात्रता का सत्यापन करते हैं।
  6. स्वीकृति के बाद संबंधित लाभ का वितरण योजना के नियमों के अनुसार किया जाता है।

उच्च शिक्षा, कोचिंग और कौशल विकास जैसे कुछ घटकों में आवेदन जिला बाल संरक्षण अधिकारी (DCPO) या जिला कार्यक्रम अधिकारी (DPO) के माध्यम से भी किया जाता है।

🔍Check Application Status

आवेदन की स्थिति जांचने के लिए हिमाचल प्रदेश महिला एवं बाल विकास विभाग के आधिकारिक पोर्टल में लॉगिन करके आवेदन डैशबोर्ड देखा जा सकता है। विभाग की वर्तमान ऑनलाइन व्यवस्था में आवेदन की प्रगति और विभिन्न चरणों की जानकारी ट्रैक करने की सुविधा दी गई है।

💳Payment / Installment Status

सामाजिक सुरक्षा तथा अन्य स्वीकृत वित्तीय लाभों का भुगतान संबंधित नियमों के अनुसार लाभार्थी के बैंक खाते या संबंधित संस्था को किया जा सकता है। बैंक खाते में जमा राशि की पुष्टि बैंक स्टेटमेंट, पासबुक या उपलब्ध विभागीय भुगतान विवरण से की जा सकती है। यदि भुगतान लंबित हो तो संबंधित जिला कार्यक्रम अधिकारी या जिला बाल संरक्षण अधिकारी से संपर्क करना चाहिए।

📅Important Dates

Launched
28 February 2023
  • 28 फरवरी 2023: हिमाचल प्रदेश सरकार ने Mukhya Mantri Sukh Aashray Kosh और Mukhya Mantri Sukh Aashray Scheme को अधिसूचित किया।
  • उच्च शिक्षा/प्रशिक्षण आवेदन: संबंधित SOP के अनुसार आवेदन सामान्यतः फरवरी के अंत तक संबंधित जिला अधिकारी को प्रस्तुत किया जाता है।
  • अन्य लाभ: आवेदन की समय-सीमा लाभ के घटक और विभागीय प्रक्रिया के अनुसार अलग हो सकती है।

❌Who Is Not Eligible

ऐसे व्यक्ति जो योजना के संबंधित घटक की निर्धारित पात्रता पूरी नहीं करते, उन्हें उस विशेष लाभ का लाभ नहीं दिया जाता। आवास सहायता में भूमि उपलब्धता, भूमिहीनता और अन्य सरकारी आवास योजनाओं से पात्रता जैसी अतिरिक्त शर्तें लागू होती हैं। उच्च शिक्षा, प्रशिक्षण, कोचिंग, विवाह और स्वरोजगार जैसे लाभों के लिए संबंधित घटक की अलग शर्तों और दस्तावेजों का पालन आवश्यक है।

⚠️Important Instructions

  • योजना के सभी लाभ एक ही प्रकार की सहायता नहीं हैं; लाभार्थी की स्थिति के अनुसार अलग-अलग घटक लागू होते हैं।
  • उच्च शिक्षा और कौशल विकास के लिए संबंधित जिला बाल संरक्षण अधिकारी/जिला कार्यक्रम अधिकारी से प्रक्रिया की पुष्टि करें।
  • आवास सहायता के लिए सरकारी भूमि और निर्माण सहायता से संबंधित अलग SOP लागू है।
  • वित्तीय सहायता प्राप्त करने के लिए बैंक खाता और विभागीय सत्यापन की आवश्यकता हो सकती है।
  • वर्तमान आवेदन प्रक्रिया और उपलब्ध लाभों की पुष्टि आधिकारिक हिमाचल प्रदेश महिला एवं बाल विकास विभाग के पोर्टल से करें।

📌Conclusion

मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना हिमाचल प्रदेश में अनाथ और अन्य देखभाल एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले बच्चों तथा पात्र कमजोर लाभार्थियों को दीर्घकालिक सामाजिक और आर्थिक सहायता देने वाली प्रमुख योजना है। इसके अंतर्गत शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, आवास, प्रशिक्षण, विवाह और स्वरोजगार जैसे कई क्षेत्रों में सहायता उपलब्ध कराई जाती है। योजना के किसी विशेष लाभ के लिए संबंधित पात्रता और जिला-स्तरीय प्रक्रिया की आधिकारिक स्रोत से पुष्टि करना आवश्यक है।

📎Additional Information

मुख्यमंत्री सुख आश्रय कोष

योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए Mukhya Mantri Sukh Aashray Kosh स्थापित किया गया था। सरकारी जानकारी के अनुसार इस कोष का उपयोग उच्च शिक्षा, व्यावसायिक प्रशिक्षण, कौशल विकास, कोचिंग, स्वरोजगार तथा अन्य पुनर्वास संबंधी सहायता के लिए किया जाता है। कोष में प्रारंभिक सरकारी योगदान ₹101 करोड़ का प्रावधान किया गया था और इसे दान तथा CSR योगदान से भी मजबूत करने की व्यवस्था की गई थी।

❓Frequently Asked Questions